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टैटू आर्टिस्ट फ़राज़ जावेद ने कांवड़ियों के लिए मुफ़्त में 51 हज़ार टैटू बनाने की शुरू की सेवा

कांवड़ यात्रा शुरू हो चुकी है लेकिन इस दौरान टैटू आर्टिस्ट फ़राज़ जावेद की दुकान पर लोगों की लंबी कतार लगी हुई है। दरअसल कांवड़ यात्रा पर लोगों को महाकाल का टैटू बनाने का क्रेज़ बढ़ जाता है। ऐसे में टैटू आर्टिस्ट फ़राज़ जावेद ने सावन में शिवभक्तों के लिए 51 हज़ार मुफ़्त में टैटू बनाने की पहल शुरू की है।

फ़राज़ ये काम हिंदू-मुस्लिम एकता की मिसाल को कायम रखने के लिए पूरे सावन के महीने में करेंगे। ये पहली बार नहीं है जब फ़राज़ मुफ़्त में टैटू बनाने को लेकर चर्चा में आए है। इससे पहले वो रामलला की प्रतिष्ठा के मौक़े पर फ़राज़ ने 51 हज़ार लोगों के हाथों पर जय श्रीराम का टैटू बनाकर काफी सुर्खियां बटोरी थीं।

30 साल के फ़राज़ ने एमबीए किया है। उनकी दुकान कानपुर के हार्ट ऑफ द सिटी कहे जाने वाले नवीन मार्केट में ‘एक्सपोज टैटू’ के नाम से मशहूर है। वो पिछले 14 सालों से टैटू बनाने का काम कर रहे हैं। जब उनसे इस पहल की लागत के बारे में पूछा गया तो फ़राज़ ने कहा कि “एक टैटू की कीमत करीब 1400-1500 रुपये है। ये कोई छोटी लागत नहीं है। लेकिन भगवान मुझे इसके लिए मार्गदर्शन करते हैं।”

इस वक्त अपने संकल्प को पूरा करने के लिए उनकी शॉप पर भगवान शिव की मूर्ति, ओम नमः शिवाय और शिवलिंग के टैटू बनवाने के लिए लोगों की भीड़ लगी हुई है। एक आर्टिस्ट होने के नाते फ़राज़ की हर धर्म में आस्था और विश्वास है। फ़राज़ ने अपने संकल्प की जानकारी देते हुए बताया कि उनकी सेवा उनकी शॉप पर दोपहर 2:00 बजे से रात 8:00 बजे तक उपलब्ध रहेगी।

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