Sunday, June 14, 2026
39.4 C
Delhi

भारतीय समाज में रीति-रिवाजों का महत्व

भारतीय समाज में रीति-रिवाजों का महत्व व्यक्तिगत समय, आर्थिक और भौगोलिक परिस्थितियों के अनुरूप होता है। ये रीति-रिवाज पीढ़ियों से आगे चलकर आते हैं और उनका धार्मिक और सांस्कृतिक महत्व भी होता है। धर्म बदल जाते हैं, लेकिन रीति-रिवाज समय के साथ हस्तांतरित होते रहते हैं। कभी-कभी इनमें कुछ संशोधन और अतिरिक्त रीति-रिवाज भी जुड़ जाते हैं।

विश्वास किया जाता है कि इस्लाम ने भारत में 629 ईसवी में प्रवेश किया। इस्लाम को भारतीय समाज के सभी वर्गों ने अपनाया है। जाति के आधार पर विभाजित समाज ने धर्म तो बदल दिया, लेकिन कई रीति-रिवाज ऐसे रहे जो इस्लाम धर्म स्वीकार करने से पहले से ही मौजूद थे।

इस्लाम धर्म को अपनाने के बाद भी जाति के आधार पर बने रीति-रिवाज कभी-कभी मूल रूप में बने रहे और कभी उनमें परिवर्तन हुआ।

इस खबर को पूरा पढ़ने के लिए hindi.awazthevoice.in पर जाएं।

ये भी पढ़ें: आयुषी सिंह UP PCS पास कर DSP बनीं, कैसे की थी पढ़ाई?

आप हमें FacebookInstagramTwitter पर फ़ॉलो कर सकते हैं और हमारा YouTube चैनल भी सबस्क्राइब कर सकते हैं।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

Hot this week

अटारी से ननकाना साहिब तक: सोने-जैसी पालकी, रुमाला साहिब और सिख कौम की बेमिसाल एकता

अटारी-वाघा सरहद (हिंदुस्तान): सरहदें भले ही इंसानों को बांटती...

PoJK में तनाव: आर्थिक तंगी से बढ़ा व्यापक राजनीतिक असंतोष

पाकिस्तान के कब्ज़े वाले जम्मू-कश्मीर (PoJK) में हालिया अशांति...

Topics

अटारी से ननकाना साहिब तक: सोने-जैसी पालकी, रुमाला साहिब और सिख कौम की बेमिसाल एकता

अटारी-वाघा सरहद (हिंदुस्तान): सरहदें भले ही इंसानों को बांटती...

PoJK में तनाव: आर्थिक तंगी से बढ़ा व्यापक राजनीतिक असंतोष

पाकिस्तान के कब्ज़े वाले जम्मू-कश्मीर (PoJK) में हालिया अशांति...

भारत का वो शहर जहां पहुंचते ही आप पेरिस पहुंच जाएंगे!

क्या आपने कभी सोचा है कि भारत की मिट्टी...

सिख धर्म में Kirpan (कृपाण) की अहमियत और उसका इतिहास

सिख धर्म में हथियारों की पूजा करना और उन्हें...

Related Articles

Popular Categories