Friday, October 16, 2026
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Tag: ग़ज़ल

दुष्यंत कुमार: जिसने ग़ज़ल को आम आदमी की आवाज़ बना दिया

"मेरे सीने में नहीं तो तेरे सीने में सही,हो कहीं भी आग लेकिन आग जलनी चाहिए।" यह सिर्फ़ एक शेर...

गुलज़ार लफ़्ज़ों के बादशाह—जिसने किताबों से नहीं, अपने जज़्बातों से लिखना सीखा

हिंदुस्तान की अदबी और फ़िल्मी दुनिया में अगर किसी एक नाम को “लफ़्ज़ों का जादूगर” कहा जाए, तो वो...